भागलपुर, अप्रैल 3 -- शाहकुंड प्रखंड की गोबरांय पंचायत में मूलभूत सुविधाओं की कमी और सिंचाई संकट से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गोबरांय पंचायत के 10 वार्ड वाले इस गांव में लगभग 1600 परिवार और 8000 की आबादी बसी है, जिनका मुख्य आधार खेती है। क्षेत्र में गेहूं, धान, मक्का सहित कई फसलों की खेती होती है, लेकिन सिंचाई के साधनों की स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है। ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र की नहरें सूखती जा रही हैं, जबकि डांड (छोटे जलमार्ग) पर अतिक्रमण हो गया है। गोबरांय पंचायत में किसानों को खेती करने में सिंचाई का संकट है। चांदन नदी के गहराने के कारण जलस्तर नीचे चला गया है, जिससे नहरों और डांड में सही तरीके से पानी नहीं पहुंच पाता है। जिसके कारण खेतों में पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है जिससे खेती प्रभावित होती जा रही...
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