बुलंदशहर, फरवरी 28 -- शहर के अलग-अलग हिस्सों में अलग-अलग दिन लगने वाली साप्ताहिक बाजार का अपना एक महत्व है। अधिकतर लोग इन बाजारों में खरीदारी करते हैं। इसके बावजूद इन बाजारों से जुड़े कारोबारियों की समस्याएं कम होने का नाम नहीं ले रहीं हैं। साप्ताहिक बाजार लगभग हजारों कारोबारी परिवारों की रोजी-रोटी का माध्यम हैं। महीने में 20 से अधिक जगह यह कारोबारी अपनी दुकान सजाते हैं। इसी व्यवसाय से वह अपना परिवार चलाते हैं। कारोबारियों को अपने ठौर-ठिकानों से दुकान भर का सामान रिक्शे-ठेले या अन्य साधनों से लाद कर बाजार लाना पड़ता है। दुकान सजाने और रात होते-होते उसे समेट कर वापस ले जाने तक कई समस्याओं का सामना करते हैं। लगभग पांच लाख की संख्या में लोग साप्ताहिक बाजारों में अपनी जरूरत का सामान लेने आते हैं। शहर समेत जनपद में कई स्थानों पर साप्ताहिक बाजार ...
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