मधुबनी, जनवरी 6 -- जिले का उमगांव बाजार सीमावर्ती इलाके का प्रमुख व्यावसायिक केंद्र है। दोनों देशों के लोगों के अलावा जिले के विभिन्न प्रखंडों के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी लोग इस बाजार खरीदारी को पहुंचते हैं। सुबह से देर रात तक यहां लोगों की आवाजाही होती रहती है। नौकरीपेशा लोग, छात्र, व्यापारी, महिलाएं और बुजुर्ग सभी खरीदारी करने के लिए सीमावर्ती बाजारों पर निर्भर हैं। इसके बावजूद यहां बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव है। बाजारों में महिलाओं के लिए एक अदद शौचालय भी नहीं है। शाम ढलते ही उमगांव बाजार, हरिने बाजार व पिपरौन बाजार समेत पूरा सीमावर्ती बाजार अंधकारमय हो जाता है। उमगांव बाजार चौक से अंबेडकर चौक तक करीब एक किलोमीटर लंबा मार्ग पूरी तरह अंधेरे में रहता है। इस पूरे रास्ते पर एक भी स्ट्रीट लाइट नहीं है, जिससे रात के समय यहां से गुजरना ख...