नई दिल्ली, अगस्त 7 -- सुप्रीम कोर्ट ने देश के सबसे चर्चित और राजनीतिक रूप से संवेदनशील बोफोर्स घोटाले का चैप्टर हमेशा के लिए क्लोज कर दिया है। गुरुवार को शीर्ष अदालत ने 2005 के दिल्ली हाई कोर्ट के उस फैसले के खिलाफ दायर इकलौती और आखिरी याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें तीनों हिंदूजा बंधुओं और स्वीडिश हथियार निर्माता कंपनी एबी बोफोर्स को सभी आपराधिक मामलों से बरी किया गया था। इस फैसले के साथ ही करीब 40 साल से चले आ रहे इस मामले का अंतिम रूप से कानूनी अंत हो गया है।सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा? जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की पीठ ने गुरुवार को इस मामले की सुनवाई की। बीजेपी नेता और वकील अजय के. अग्रवाल ने हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए यह याचिका दायर की थी। अग्रवाल ने वर्चुअली पेश होते हुए कोर्ट से दो दिवंगत प्रतिवादिय...