बोकारो, जून 15 -- बोकारो जिले के 1560 सरकारी स्कूलों में से करीब 640 स्कूल ऐसे हैं, जहां तड़ित चालक (लाइटनिंग अरेस्टर) नहीं होने के कारण हजारों छात्र-छात्राएं वज्रपात जैसी प्राकृतिक आपदाओं के प्रति असुरक्षित हैं। बारिश का मौसम शुरू होने के साथ ही यह चिंता और बढ़ गई है, क्योंकि बोकारो को वज्रपात के डेंजर जोन के रूप में चिह्नित किया गया है। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2010-11 में झारखंड सरकार ने करीब 600 नए स्कूल भवनों में तड़ित चालक लगाने के लिए प्रति विद्यालय 36 हजार रुपये आवंटित किए थे। इस मद में लगभग 2.30 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे। हालांकि बाद में अधिकांश स्कूलों से तड़ित चालक चोरी हो गए। इसके बाद जिला प्रशासन ने डीएमएफटी फंड से वर्ष 2024-25 में जिले के 967 स्कूलों में 27.01 करोड़ रुपये की लागत से नए तड़ित चालक लगवाए, लेकिन इनमें से भी लगभ...