नैनीताल, अप्रैल 12 -- नैनीताल, संवाददाता। इस बार 14 अप्रैल को विषुवत संक्रांति व बैसाखी का पर्व मनाया जाएगा। बैसाखी को नई फसल के आगमन की खुशी में भी मनाया जाता है। इसी दिन गुरु गोविंद सिंह ने खालसा पंथ की स्थापना भी की थी। वहीं, हिंदू मान्यता के अनुसार इस दिन सूर्य, मेष राशि में प्रवेश करते हैं, जिससे सौर नववर्ष की शुरुआत मानी जाती है। इस अवसर पर स्नान और दान का विशेष महत्व बताया गया है।आचार्य प्रकाश जोशी के अनुसार इस वर्ष कुंभ और मीन राशि से जुड़े पूर्वाभाद्रपद, उत्तराभाद्रपद और रेवती नक्षत्र "बाएं पैर" में माने गए हैं। ऐसे में इन राशियों के लोगों को वर्षभर स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से बचने के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। उपाय के रूप में इस राशि के लोगों के लिए चांदी, सफेद वस्त्र, चावल, दूध, दही और चीनी का दान करना शुभ माना गया है...
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