उन्नाव, अप्रैल 2 -- उन्नाव। प्रदेश सरकार और बिजली विभाग द्वारा प्रीपेड मीटर के जरिए सहूलियत के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन धरातल पर यह स्मार्ट तकनीक उपभोक्ताओं के लिए गले की हड्डी बन गई है। जिले में प्रीपेड मीटर लगने के बाद से न केवल बिलिंग की गड़बड़ियां सामने आ रही हैं, बल्कि पर्याप्त बैलेंस होने के बावजूद बिजली गुल होने से लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर है। बुधवार और गुरुवार को परेशान उपभोक्ताओं ने कब्बाखेड़ा सब स्टेशन पर जमकर हंगामा किया और डीएम से शिकायत की चेतावनी दी। अकरमपुर निवासी मोहित शुक्ला की आपबीती इस अव्यवस्था की पोल खोलती है। मोहित के मीटर में 327 रुपये का बैलेंस था, फिर भी बिजली काट दी गई। दोबारा रिचार्ज करने पर उनके खाते में अचानक 1140 रुपये की देनदारी (निगेटिव बैलेंस) दिखा दी गई। रात भर अंधेरे में रहने के बाद शि...