मिर्जापुर, फरवरी 23 -- हलिया। क्षेत्र में मौसम के अचानक बदले मिजाज और बूंदाबादी से किसानों की चिंता बढ़ गई है। सोमवार दोपहर बाद आसमान में घने बादल छा गए और हल्की बारिश शुरू हो गई। इससे सरसों, मटर, मसूर, अलसी, चना सहित अन्य तैयार फसलें बर्बादी के कगार पर पहुंच गई हैं। किसानों का कहना है कि इस समय बारिश से कोई लाभ नहीं, बल्कि नुकसान ही होगा। यदि बारिश के साथ ओलावृष्टि हो गई तो पूरी मेहनत मिट्टी में मिल जाएगी। साथ ही आम और महुआ के बौर भी झड़कर नष्ट हो सकते हैं। सोनगढ़ा गांव के सुरेश दुबे ने कहा कि खेतों में फसल पूरी तरह तैयार है। ऐसे में बारिश और ओले पड़ने से भारी नुकसान तय है। सिकटा गांव के श्याम नारायण तिवारी ने बताया कि खाद-बीज के लिए बैंक और समितियों से कर्ज लेकर बुवाई की गई थी, लेकिन बेमौसम बारिश से लाभ के बजाय हानि हो रही है। राजपुर के...
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