मुंगेर, मार्च 31 -- मुंगेर, निज प्रतिनिधि। बीते दिनों बेमौसम हुई बरसात ने किसानों के खेतों में खड़ी रबी की फसलों को नष्ट कर दिया था। 20 और 21 मार्च की रात आई तेज आंधी और बारिश ने जिले के किसानों की दुनिया ही बदल दी। जिन खेतों में कुछ दिन पहले तक मक्का की हरी हरी फसल लहलहा रही थी, वहां कीचड़ में दबे मक्के की बालियां दिखाई दे रही है। यह सिर्फ फसल का नुकसान नहीं है बल्कि उन सपनों का बिछड़ना है। इन्हें किसानों ने पूरे साल की मेहनत के साथ बोया था और पौधा उम्मीद जगा रहा था कि इस बार मेहनत रंग लाएगी। लेकिन अचानक आई आंधी तूफान के साथ ओलावृष्टि व बारिश ने सब कुछ खत्म कर दिया। जिले में मक्का की खेती हजारों परिवारों की जीविकोपार्जन का मुख्य जरिया है।---किसानों ने फसल क्षति आकलन कर की थी मुआवजे की मांग: फसल नुकसान के बाद किसानों ने प्रशासन से नष्ट हुई फ...
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