बेटी घर की लक्ष्मी, दहेज मांगना है अपराध
औरंगाबाद, जुलाई 4 -- औरंगाबाद के अधिवक्ता संघ भवन में दहेज मुक्त भारत विषय पर शनिवार को एक संगोष्ठी आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता अधिवक्ता संघ के सचिव सिद्धेश्वर विद्यार्थी ने की वहीं संचालन जिला विधिज्ञ संघ के सहायक सचिव अधिवक्ता सतीश कुमार स्नेही ने किया। अधिवक्ता संजय सिंह ने कहा कि दहेज प्रतिषेध अधिनियम-1961 के द्वारा दहेज एक दंडनीय अपराध है। इस समाजिक कुरीति को मिटाने का दायित्व देश के युवाओं पर है। पारिवारिक वादों की बढ़ोतरी में दहेज एक मुख्य समस्या बनी है।
दहेज का महत्त्व अधिवक्ता सिद्धेश्वर विद्यार्थी ने कहा कि बेटी घर की लक्ष्मी होती है। लक्ष्मी रूपी बेटी को पिता वर पक्ष को देता है लेकिन उसके बावजूद वर पक्ष का यह सवाल आपने क्या दिया, इसको लेकर संबंध खराब होते हैं। कई मामलों में बेटी के पिता कर्ज लेकर या जमीन बेचकर भारी भरकम दहेज ...
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