बीमा कंपनी को ब्याज के साथ देने होंगे क्लेम के तीन लाख
अमरोहा, मई 30 -- खेत पर ट्यूबवेल चलाते समय करंट लगने से हुई किसान की मौत के बाद बीमा कंपनी ने क्लेम का दावा खारिज कर दिया। वाद की सुनवाई के दौरान जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने बीमा कंपनी को सेवा में कमी का दोषी माना। मृतक किसान की पत्नी को तीन लाख रुपये की बीमा राशि नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज के साथ देने का आदेश दिया। साथ ही मानसिक, आर्थिक क्षतिपूर्ति एवं वाद व्यय के रूप में 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। नौगावां सादात निवासी किसान नौशाद की 3 मार्च 2019 को खेत में सिंचाई करते समय ट्यूबवेल चलाने के दौरान करंट लगने से मौत हो गई थी। परिजनों ने पोस्टमार्टम कराकर शव का अंतिम संस्कार कर दिया था। नौशाद का मुख्यमंत्री किसान एवं सर्वहित बीमा योजना के तहत एक बीमा भी था। उनकी पत्नी नूरी ने 14 अप्रैल 2019 को बीमा कंपनी में क्लेम का दावा किय...
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