नई दिल्ली, अप्रैल 13 -- बिहार के सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने वाले लाखों बच्चों का डिजिटल शैक्षणिक खाता यानी 'अपार' (APAAR - ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री) कार्ड बनाने की प्रक्रिया एक बड़ी तकनीकी समस्या के कारण सुस्त पड़ गई है। बच्चों के आधार कार्ड और स्कूल के यू-डायस (U-DISE) पोर्टल पर दर्ज जानकारियों में अंतर होने की वजह से आवेदन लगातार रिजेक्ट हो रहे हैं। राज्य में यह समस्या इतनी गंभीर हो गई है कि आधार कार्ड होने के बावजूद लाखों बच्चे इस डिजिटल पहचान से वंचित हैं। अब तक कुल 7.86 लाख ऐसे विद्यार्थियों की पहचान की गई है, जिनका अपार कार्ड सिर्फ इसलिए नहीं बन पा रहा है क्योंकि उनके आधार और यू-डायस में दर्ज नाम या अन्य डिटेल्स मेल नहीं खा रही हैं।क्यों आ रही है यह समस्या? अपार कार्ड बनाने के लिए सिस्टम आधार कार्ड के डेट...
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