पटना, अप्रैल 26 -- Patna News: बिहार में भ्रष्टाचार के एक पुराने मामले ने अब देश की सबसे बड़ी अदालत, सुप्रीम कोर्ट का ध्यान खींचा है। मामला दिलचस्प और हैरान करने वाला इसलिए है क्योंकि यहाँ भ्रष्टाचार के सबूत के तौर पर जब्त किए गए नोटों को 'चूहों' ने कुतर डाला है। सुप्रीम कोर्ट ने न केवल इस जानकारी पर हैरानी जताई है, बल्कि मालखाने की सुरक्षा और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। कोर्ट ने दो टूक कहा कि नोट नष्ट होने का जो कारण बताया गया है, वह गले नहीं उतरता और इस पर भरोसा करना नामुमकिन है।क्या है पूरा मामला? बता दें कि यह मामला साल 2014 का है, जब बिहार की एक महिला बाल विकास कार्यक्रम अधिकारी पर Rs.10,000 की रिश्वत मांगने का आरोप लगा था। कार्रवाई के दौरान कथित तौर पर रिश्वत के नोट जब्त किए गए थे। निचली अदालत ने पहले महिला अधिक...
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