रांची, जुलाई 17 -- रांची, संवाददाता। मांडर अंचल के ब्राम्बे (एनएच-75) से इटहे मोड़ तक बिना मुआवजा दिए सड़क चौड़ीकरण और निर्माण मामले लोकायुक्त ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने 2020 से 2026 तक रांची में पदस्थापित रहे भू-अर्जन पदाधिकारियों (एलएओ) व पथ निर्माण विभाग, पथ प्रमंडल रांची के कार्यपालक अभियंताओं (ईई) को शोकॉज कर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर जवाब दाखिल करने को कहा है। जानकारी के अनुसार, इटहे मोड़ तक 8.525 किमी लंबी सड़क का चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण 2014-15 में शुरू होकर 2016 में पूरा हो गया। आरोप है कि कई राजस्व गांवों के रैयतों की जमीन बिना विधिवत अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी किए और बिना मुआवजा दिए निर्माण उपयोग कर ली गई। इसकी शिकायत चुंद गांव के अकलेश सिंह ने 2016 में लोकायुक्त से की। आरोप लगाया कि उनकी व पत्नी की 20 से 25 डिसमिल जमीन, कु...