अमरोहा, नवम्बर 21 -- अमरोहा। उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत नियामक आयोग ने फिक्स और वेरिएबल चार्जेज में भारी गड़बड़ी को लेकर नाराजगी जताते हुए ग्रांट थॉर्टन कंपनी से 1500 मेगावाट बिजली खरीद के प्रस्ताव पर रोक लगा दी है। पूर्वांचल और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण के आरएफपी डॉक्यूमेंट तैयार करने वाली इस कंपनी का विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति शुरू से ही विरोध कर रही है। समिति के प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर जिले में भी विभागीय कर्मचारी व अधिकारियों ने गुरुवार को काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। एसडीओ राजकुमार मिश्रा ने कहा कि फर्जीवाड़ करने वाली कंपनी द्वारा तैयार किए गए निजीकरण के आरएफपी डॉक्यूमेंट को तत्काल रद्द कर निजीकरण के फैसले को निरस्त किया जाए। कहा कि निजीकरण का हर स्तर पर विरोध किया जाएगा।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.