बिहारशरीफ, जून 15 -- बावन बूटी जैसी कलाओं से आज के युवाओं को जुड़ने की जरूरत है। इसमें विकास की असीम संभावनाएं हैं। इसी तरह की अन्य कलाओं के विकास के लिए भी युवाओं को आगे आने का प्रयास करना चाहिए। नालंदा जिले की प्रसिद्ध बावन बूटी हस्तकला को भौगोलिक संकेतक (जीआई) टैग मिलने के बाद इसके संरक्षण और विकास को लेकर राज्य सरकार हर संभव मदद करेगी।

जीआई टैग और रोजगार के अवसर जीविका के माध्यम से इसके उत्पादों का प्रचार प्रसार किया जाएगा। ग्राम श्री मेला में विशेष स्टॉल लगाकर इस पारंपरिक कला को राष्ट्रीय पहचान दिलाया जाएगा। देश-विदेश के बाजारों में बावन बूटी को नई पहचान मिलेगी। इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। बिहारशरीफ बासवन बिगहा में बावन बूटी के कारीगरों को इसके लए ग्रामीण विकास सह सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री श्रवण कुमार व सांसद कौशलेंद्र कुमार ने बध...