बांदा, मार्च 13 -- बांदा, संवाददाता। जिले में बचपन को बंधनों से मुक्त करने का संदेश लेकर निकला बाल विवाह मुक्ति रथ गांव-गांव और कस्बों में जागरूकता की मशाल जला रहा है। इस पहल को ग्रामीण परंपरा विकास संस्थान और जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन के सहयोग से व्यापक जन समर्थन मिला।बांदा-चित्रकूट सांसद कृष्णा पटेल ने हरी झंडी दिखाकर इस रथ को रवाना किया था। रथ ने 30 दिनों में जिले के 150 गांव तक पहुंचकर हजारों लोगों को बाल विवाह के खिलाफ जागरूक किया। छात्रों, धर्मगुरुओं, पंचायत प्रतिनिधियों और विवाह समारोह में सेवाएं देने वाले कैटरर्स, बैंड व घोड़ी संचालकों को भी जोड़ा गया। समझाया गया कि बाल विवाह केवल सामाजिक कुप्रथा नहीं, बल्कि बच्चों के अधिकारों पर हमला और कानून की नजर में दंडनीय अपराध है। संस्थान के सचिव श्रवण कुमार ने कहा कि यह यात्रा केवल प्रतीक ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.