फतेहपुर, जुलाई 16 -- फतेहपुर। भले ही जनपद में मानसून रूठा हो लेकिन इसकी शुरुआत के साथ ही जिले में सर्पदंश के मामले बढ़ने लगे हैं। बारिश के दौरान बिलों में पानी भर जाने से सांप खेतों, मेड़ों, घरो की ओर निकल आते हैं। ऐसे में खेतों में काम करने वाले किसान, मजदूर और ग्रामीण सबसे अधिक जोखिम में रहते हैं। जिला अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी इन दिनों सर्पदंश के मरीज लगातार पहुंच रहे हैं। डाक्टरों का कहना है कि समय पर अस्पताल पहुंचने और एंटी स्नेक वेनम मिलने से अधिकांश मरीजों की जान बचाई जा सकती है। वहीं झाड़-फूंक और घरेलू उपचार के भरोसे समय गंवाना जानलेवा साबित हो सकता है। जिला अस्पताल के डॉ डीके वर्मा ने बताया कि सर्पदंश के बाद मरीज को हिलाने-डुलाने से बचना चाहिए। प्रभावित अंग को स्थिर रखते हुए जल्द से जल्द नजदीकी सरकारी अस्पताल...