सीवान, अगस्त 1 -- बड़हरिया। मानसून की बेरुखी और बारिश न होने के कारण किसानों की चिंता गहराने लगी हैं। बड़ी उम्मीद और कड़ी मेहनत के साथ किसानों ने धान की रोपाई तो पूरी कर ली थी, लेकिन अब बारिश की कमी की वजह से तैयार फसल खेतों में ही सूखने की कगार पर पहुँच गई है। खेतों में पड़ी दरारें किसानों की लाचारी और उनके कड़े परिश्रम पर फिर रहे पानी की गवाही दे रही हैं। इन किसानों के पास सिंचाई के अन्य साधन नहीं हैं, उनकी फसलें सबसे ज्यादा प्रभावित हो रही हैं। पम्पिंग सेट से सिंचाई करने वाले किसानों पर लागत का अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है। यह भी पढ़ें- Siwan News बारिश न होने से सूखने लगी धान की फसल, मेहनत पर फिरने लगा पानी इधर किसान लालबाबू सिंह, अर्जुन प्रसाद, मेराज अहमद, अख्तर हुसैन, महफूज आलम, संतोष यादव, रिंकू ति...