धनबाद, फरवरी 27 -- फागण आयो रे सांवरिया..,आयो फागणियों रंगीलो...., सुण डपली की तान..,यह निसान है खाटू वाले का इसको हाथों में उठा लेना, तेरा काम नहीं है रुकने वाला....,खाटू को श्याम रंगीला रे, खाटू को श्याम रंगीलो....,श्याम तेरे भजनों में मस्ती का खजाना है, यह मस्ती उसे मिलती जो तेरा दीवाना है...,फाग़ आयो रे श्याम धनी बुलाओ रे... आदि जैसे भजनों के धून पर नाचते झूमते श्यामभक्त। मौका था झरिया के श्री श्याम मंदिर के तीन दिवसीय 43 वां श्री श्याम फाल्गुन महोत्सव पर गुरुवार को निकले विशाल निशान शोभा यात्रा का। महोत्सव के प्रथम दिन सर्व प्रथम मंदिर परिसर में पंडित कैलाश पाण्डेय, मुन्ना पाण्डेय ने विधिवत मंत्रोच्चारण के साथ निसान पूजन कराया। निसान पूजन पर बतौर मुख्य यजमान चंडीगढ़ से आये प्रेम गोयल, धर्मपत्नी वृंदा देवी गोयल, कोलकता के विकास छापरिय...
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