बाढ़.. भूख न प्यास बस एक ही आस पशुओं तक पहुंच जाए हमारी घास
बिजनौर, अगस्त 20 -- गंगा खादर क्षेत्र में बाढ़ का खतरा पिछले तीन सप्ताह से मंडरा रहा है। बाढ़ प्रभावित गांव में पशुओं की स्थिति खराब है। पशु भूख प्यास से व्याकुल हैं। पशुपालक किसी तरह पशुओं के चारे की व्यवस्था कर रहे हैं। गुरुवार की सुबह बाढ़ प्रभावित गांव रायपुर खादर की कुछ महिलाएं एक किलोमीटर बाढ़ के पानी को पार कर भूखी प्यासी सुबह उठकर पशुओं का पेट भरने के लिए पैदल दूर दराज से चारे के लिए अजदेव पडला गांव के खेतों से पशुओं के लिए घास काटकर सर पर बोझा रखकर लगभग 4 फीट पानी को पार कर ले जा रही हैं। यह भी पढ़ें- गंगा में बढ़ रहा जलस्तर, खादर में बाढ़ और कटान बाढ़ के पानी को कोई खतरा नहीं मानते हुए फिर भी बिना किसी डर और भय के पशु का पेट भरने के लिए चार काटकर ला रही हैं।
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