बाढ़ की मार : पानी के बीच जिंदगी, पॉलीथिन के नीचे रात
छपरा, सितम्बर 4 -- डेढ़ लाख से अधिक आबादी प्रभावित, पांच अंचलों में बाढ़ का कहर घर-आंगन डूबे तो ऊंचे स्थानों पर शरण लेने को मजबूर हुए लोग सोनपुर की 14 पंचायतें सबसे अधिक प्रभावित रिविलगंज के दिलिया रहीमपुर में भीषण संकट शौचालय-पेयजल के लिए लोग तरसे, नाव बनी सहारा छपरा, नगर प्रतिनिधि। कहीं आंगन में कमर भर पानी है तो कहीं घर की चौखट तक नदी पहुंच चुकी है। किसी ने चारपाई को नाव बना लिया है तो कोई सिर पर गठरी रखकर परिवार के साथ ऊंचे स्थान की तलाश में निकल पड़ा है। बच्चों की आंखों में घर छूटने का दर्द है और बुजुर्गों की चिंता इस बात की कि पता नहीं कब पानी उतरेगा और कब फिर अपने आशियाने में लौट पाएंगे। सारण में गंगा, सरयू, गंडक, सोन समेत अन्य नदियों के अचानक बढ़े जलस्तर ने जिंदगी की रफ्तार रोक दी है। खेत, खलिहान, सड़क, घर और गलियां पानी में समा ग...
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