चंदौली, दिसम्बर 7 -- शिकारगंज, हिन्दुस्तान संवाद। सितंबर और अक्तूबर में हुई भारी बारिश और बाढ़ की मार से जिले के किसान आज भी उबर नहीं पाए हैं। आसमान से बारिश की बूंदें भी थम चुकी हैं लेकिन किसानों की समस्याएं कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। खेतों में जमा पानी कम हुआ लेकिन गिरी धान की फसल खेतों में सड़ रही है। जिन खेतों में महीनों की मेहनत और उम्मीदें बोई गई थीं। आज वही खेत किसानों के लिए दर्द और चिंता का कारण बने हुए हैं। जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने से फसलें बर्बाद हो गई हैं और किसानों की गाढ़ी कमाई खेतों में सड़ रही है। किसानों को मुआवजा भी नहीं मिल सका है। इससे अन्नदाता परेशान हैं और उनमें आक्रोश पनप रहा है। किसान सरोज यादव का कहना है कि बाढ़ के कारण खेतों में कई-कई दिनों तक पानी लगा रहा। धान और अन्य खरीफ फसलों की कटाई का समय आने ...
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