समस्तीपुर, अप्रैल 13 -- रोसड़ा। सरकार द्वारा गेहूं की खरीद के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2585 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किए जाने के बावजूद किसान सरकारी खरीद केंद्रों से दूरी बना रहे हैं। इसकी मुख्य वजह खुले बाजार में गेहूं का अधिक दाम मिलना और सरकारी प्रक्रिया की जटिलता बताई जा रही है। किसानों ने बताया कि स्थानीय बाजार में उन्हें गेहूं के लिए 2800 से 3000 रुपये प्रति क्विंटल तक कीमत मिल रही है। ऐसे में स्वाभाविक रूप से किसान बाजार में ही अपनी उपज बेचने को प्राथमिकता दे रहे हैं। इसका सीधा असर पैक्स के माध्यम से होने वाली सरकारी खरीद पर पड़ रहा है। चांदचौर के किसान धर्मेन्द्र महतो ने बताया कि सरकार जहां 2585 रुपये दे रही है, वहीं बाजार में हमें 3000 रुपये तक मिल जा रहा है। ऐसे में हम पैक्स में क्यों बेचें? वहीं उदयपुर के किसान सईद...
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