कुशीनगर, सितम्बर 30 -- कुशीनगर। निज संवाददाता बड़ी गंडक नदी के बढ़ते दबाव के बीच सोमवार की रात एपी बांध टूटने से तटवर्ती इलाके में बाढ़ का संकट गहरा गया है। बांध टूटते ही पानी तेजी से आसपास के गांवों की ओर बढ़ने लगा। देखते ही देखते करीब नौ गांव बाढ़ की चपेट में आ गए, जबकि आसपास के अन्य गांवों में भी पानी पहुंचने लगा है। हजारों परिवारों के सामने घर-गृहस्थी बचाने के साथ बच्चों, बुजुर्गों और पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की चुनौती खड़ी हो गई है। यह भी पढ़ें- कुशीनगर में नारायणी नदी का कहर, बांध टूटने से बाढ़ की चपेट में आए कई गांव, CM ने खुद लिया जायजाग्रामीणों की चिंता बांध टूटने के बाद ग्रामीण घरों से जरूरी सामान निकालकर बांध के ऊंचे हिस्सों और सुरक्षित स्थानों की ओर जाते नजर आए। कई परिवारों के सामने घर छोड़ने के बाद पशुओं और बची ह...