कौशाम्बी, मार्च 3 -- उद्योग विहीन कौशाम्बी जिले के हजारों युवा, दिल्ली, मुंबई, गुजरात आदि प्रांतों के शहरों में रहकर प्राइवेट नौकरी या मजदूरी करते हैं। होली के त्योहार पर यह सभी हफ्ते भर पहले से ही घर लौटने लगे हैं। मंगलवार को भी परदेशियों के आने का सिलसिला जारी रहा। इसे लेकर सड़कों पर सवारी वाहनों का टोटा देखने को मिला। युवा कैसे-तैसे भूसे की तरह ट्रेनों में सफर करके सिराथू, भरवारी रेलवे स्टेशन अथवा प्रयागराज जंक्शन तक पहुंचे तो उसके बाद घर तक पहुंचने के लिए साधन का घंटों इंतजार करना पड़ा। परिवहन निगम के साथ निजी बसें भी भरी नजर आईं। मैजिक, ऑटो आदि का हाल यह रहा कि मानक से दोगुना ज्यादा सवारियां बैठाई गईं। वाहन मालिकों और चालकों की खूब कमाई हुई।

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