बरेली, जुलाई 6 -- शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में आवारा कुत्तों व बंदरों के हमले लगातार बढ़ रहे हैं। अब इनके हमले पहले की तुलना में अधिक आक्रामक हो गए हैं। सामान्य काटने और खरोंच के बजाय कई मामलों में जानवर मांस तक नोंच रहे हैं, जिससे गंभीर चोटें आ रही हैं। जिले के सरकारी अस्पतालों में हर महीने औसतन 13 हजार लोग कुत्तों और बंदरों के हमले के बाद इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। जानवरों और इंसानों में एक-दूसरे के संपर्क से होने वाली जूनोसिस बीमारियों के प्रति लोगों को जागरुक करने के लिए हर साल 6 जुलाई को वर्ल्ड जूनोसिस डे मनाया जाता है। यह भी पढ़ें- Farrukhabad Kannauj News: बेजुबानों से फैल रहीं साइलेंट बीमारियां, बढ़ रहा खतरा यह भी पढ़ें- विश्व जूनोसिस दिवस: जानवरों से लगाव दे सकता है गंभीर बीमारी यह भी पढ़ें- पशुओं से मनुष्यों में फैल सकती है संक्र...