बिहारशरीफ, मार्च 8 -- बदलते वैश्विक हालात से निपटने के लिए नये विचारों की जरूरत : कुलपति नालंदा विश्वविद्यालय में शुरू हुआ डेवलपमेंट डायलॉग विशेषज्ञों ने 2030 के बाद के विकास मॉडल पर किया मंथन राजगीर में जुटे देश व दुनिया के जाने-माने अर्थशास्त्री और नीति निर्माता जीडीपी के बजाय व्यक्ति केंद्रित और बहुआयामी विकास पर दिया जोर फोटो : नालंदा यूनवर्सिटी-नालंदा विश्वविद्यालय में रविवार को डेवलपमेंट डायलॉग में व्यख्यान देते कुलपति प्रो. सचिन चतुर्वेदी। राजगीर, निज संवाददाता। नालंदा विश्वविद्यालय में रविवार को दो दिवसीय नालंदा डेवलपमेंट डायलॉग का विधिवत शुभारंभ हो गया। कार्यक्रम के पहले दिन इसमें भारत और विदेश से आए जाने-माने अर्थशास्त्री, नीति-निर्माता और विकास विशेषज्ञ शामिल हुए। उन्होंने वर्ष 2030 के बाद दुनिया के विकास की रूपरेखा और उभरती चु...