देहरादून, जुलाई 9 -- श्री बदरीनाथ धाम में चढ़ावे में चोरी के मामले बीच बीकेटीसी द्वारा वीआईपी यात्रियों के ठहरने और खानपान के बिलों के नाम पर गोलमाल का मामला एक बार फिर गरमा गया। धामों में दर्शन करने आने वाले जिन वीआईपी यात्रियों के रहने-खाने का इंतजाम टूर कंपनियां और यात्री खुद करते थे, बीकेटीसी के कार्मिकों ने उनके नाम के भी फर्जी बिल बना दिए। सूत्रों के अनुसार मई 2025 के इस मामले में बीकेटीसी की तीन सदस्यीय जांच कमेटी ने ऐसे कई संदिग्ध मामलों को पकड़ा है। सरकार को भेजी गई प्राथमिक जांच रिपोर्ट में इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की सिफारिश की गई है।पूर्व सीईओ के फैसलों पर सवाल रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्व सीईओ विजय थपलियाल ने व्यवस्थापक अरविंद शुक्ला को छह लाख रुपये अग्रिम देने स्वीकृति दी थी। इसमें लंबित बिल भी शामिल थे। यह प्रस्...