आरा, फरवरी 1 -- बजट में धान, गेहूं, दलहन व तेलहन पैदा करने वाले किसानों के लिए कुछ नहीं है। हमारा देश कृषि प्रधान देश है। इसके बावजूद घाटे में जा रही खेती के लिए कोई योजना नहीं है। पानी, बिजली व बाजार को मजबूत बनाने, सोन नहरों के आधुनिकीकरण और सोन नदी में इंद्रपुरी जलाशय बनाने की मांग वे लंबे समय से करते रहे हैं। उम्मीद थी कि इस बजट में इसके लिए प्रावधान किया जाएगा, लेकिन निराशा ही हाथ लगी। मुंडेश्वरी रेल लाइन की मांग की गई थी, लेकिन केंद्रीय बजट में इनका कोई जिक्र नहीं दुर्भाग्यपूर्ण है। सुदामा प्रसाद, सांसद, आरा केंद्र सरकार की ओर से प्रस्तुत यह बजट युवा, किसान, महिलाएं, व्यापारी, कर्मचारी, एसएमई और मध्यम वर्ग सहित समाज के हर वर्ग का संतुलित रूप से ख्याल रखने वाला है। यह बजट देश को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करत...
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