नई दिल्ली, सितम्बर 15 -- बच्चों की पढ़ाई के लिए बड़ी रकम जुटाना आज कई परिवारों के सामने बड़ी चुनौती है। खासकर जब बच्चा प्राइवेट मेडिकल कॉलेज से MBBS करना चाहता हो, तो फीस करोड़ों रुपये तक पहुंच सकती है। एक ऐसे ही मामले में 48 साल के एक व्यक्ति ने एक्सपर्ट से सलाह मांगी है। उनके बेटे की MBBS की फीस करीब Rs.21 लाख सालाना है और कोर्स 5 साल का है, यानी पूरी पढ़ाई पर करीब Rs.1.05 करोड़ खर्च हो सकता है। उनके पास पर्याप्त बचत है और म्यूचुअल फंड पोर्टफोलियो का करीब 90% हिस्सा इक्विटी में लगा है। सवाल यह है कि फीस भरने के लिए निवेश बेच देना बेहतर होगा या एजुकेशन लोन लेना? यह भी पढ़ें- FD पर 8.5% की ब्याज दर से तगड़ा रिटर्न.लिस्ट में ये 9 बैंकम्यूचुअल फंड निवेश का रास्ता एक्सपर्ट के मुताबिक सबसे पहले यह देखना जरूरी है कि मौजूदा म्यूचुअल फंड निवेश क...