बगहा, जनवरी 7 -- बगहा। बगहा नगर के शास्त्रीनगर में ठंड से राहत के लिए बनाए गए रैन बसेरे कागजों में तो मौजूद हैं, लेकिन हकीकत में जरूरतमंदों के किसी काम के नहीं दिख रहे। बेड की व्यवस्था होने के बावजूद पानी, बिजली और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में यहां रात बिताना लोगों के लिए परेशानी भरा साबित हो रहा है। यही वजह है कि रैन बसेरे खाली पड़े हैं और जरूरतमंद खुले आसमान के नीचे रात गुजारने को मजबूर हैं। पड़ताल में सामने आया कि शास्त्रीनगर स्थित रैन बसेरे में पिछले दस दिनों के दौरान महज दो लोगों ने ही रात बिताई। स्थानीय लोगों का कहना है कि रैन बसेरे की स्थिति ऐसी है कि वहां रुकना अपने आप में जोखिम उठाने जैसा है। न पीने का पानी है, न रोशनी की समुचित व्यवस्था और न ही शौचालय। ठंड के मौसम में अंधेरे और असुविधाओं के बीच रात काटना आसान नहीं है।...
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