रांची, अप्रैल 23 -- रांची, विशेष संवाददाता। गढ़वा समेत राज्य के अन्य जिलों में मुक्त कराए गए बंधुआ मजदूरों को सरकारी लाभ और मुआवजा नहीं दिए जाने के मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को कड़ी फटकार लगाई है। गुरुवार को अदालत ने सरकार के जवाब पर असंतोष जताते हुए गढ़वा के वर्तमान उपायुक्त और पूर्व उपायुक्त को 14 मई को हाईकोर्ट में हाजिर होने का निर्देश दिया है। चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत ने घनश्याम पाठक की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। अदालत ने यह भी माना कि पूर्व में दिए गए निर्देशों के बावजूद प्रशासनिक स्तर पर केवल कागजी कार्रवाई होती रही और जमीनी स्तर पर कोई ठोस पहल नहीं हुई। मामले में याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता राजीव कुमार ने पक्ष रखा। सुनवाई के दौरान प्रार्थी ने अदालत को बताया कि कानून के तहत मु...
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