बंगाल में वेज-नॉनवेज विवाद के लेकर भाजपा असहज, नंदीग्राम उपचुनाव में दिखेगा असर?
कोलकाता।, सितम्बर 20 -- पश्चिम बंगाल में महज दो सीटों पर होने वाले उपचुनाव ने सियासत को गरमा दिया है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) अंदरूनी कलह और टूट के कारण बैकफुट पर है। वहीं वामदल और कांग्रेस अपने वजूद की लड़ाई लड़ रहे हैं। विधानसभा में भारी बहुमत हासिल कर सरकार बनाने वाली भारतीय जनता पार्टी के सामने फिलहाल जमीन पर कोई बड़ा प्रतिद्वंद्वी नजर नहीं आ रहा है। हालांकि, खानपान को लेकर पनपे विवाद ने भाजपा को भी थोड़ा असहज कर दिया है। बंगाल में चुनाव परिणाम के सामने आने के बाद से ही राज्य की राजनीति में भोजन एक बड़ा मुद्दा बनकर उभरा है। कोलकाता नगर निगम के स्कूलों में जब मिड-डे मील की जिम्मेदारी इस्कॉन (ISKCON) को सौंपने और मेन्यू से अंडे हटाने का फैसला लिया गया तो हंगामा खड़ा हो गया। चौतरफा घिरने के बाद शुभेंदु अधिकारी सरकार को कदम पीछे खींचने प...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.