बिजनौर, अप्रैल 6 -- बिजनौर। करीब 7 साल पहले शेरकोट क्षेत्र में 10वर्षीय बालक की हत्या कर उसके शव को कट्टे में भरकर मस्जिद के पीछे छिपाने के मामले में कोर्ट संख्या 7 के अपर जिला जज अशोक भारतेंदु ने मोनू उर्फ फरमान को फैजान की हत्या का दोषी पाकर उसे उम्रकैद की सजा सुनाई। अदालत ने दोषी पर 12 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। एडीजीसी पंकज चौहान ने बताया कि कस्बा शेरकोट के मोहल्ला इमामबाड़ा के इमामुद्दीन पुत्र जाबिर ने थाने पर 9 फरवरी 2019 को गुमशुदगी दर्ज कराई थी जिसमें उसने बताया कि उसका 10 वर्षीय लड़का फैजान स्कूल से वापस आकर मोहल्ले में खेलने गया था और तभी से है गायब था। जांच में खुलासा हुआ के उसी के मोहल्ले का आरोपी मोनू उर्फ फरमान पुत्र मसाहिद उसके 10 वर्षीय लड़के फैजान को अपने घर ले गया था। उस समय आरोपी के घर पर उसके परिजन नहीं थे। आरोपी ने फैज...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.