लखनऊ, फरवरी 24 -- अब फेफड़े की झिल्ली के कैंसर का आसानी से पता लगाया जा सकेगा। इसके लिए केजीएमयू समेत सात देश के मेडिकल संस्थान के विशेषज्ञों ने खास तरह के सवाल जवाब तैयार किया है। यह सवाल लक्षण, रहन-सहन, खान-पान, नौकरी पेशा आदि से जुड़े हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि लक्षणों के साथ यदि बाकी चीजे मरीज से मेल खा रही हैं तो कैंसर की आशंका बढ़ जाती है। क्योंकि टीबी व फेफड़े की झिल्ली के कैंसर के लक्षण लगभग एक समान होते हैं। मरीजों में लक्षणों के आधार पर डॉक्टर टीबी का इलाज शुरू कर देते हैं। जो मरीज की सेहत के लिए घातक हो जाता है। शोध फ्रांस के पब्लिक हेल्थ एक्शन जर्नल में प्रकाशित हुआ है। टीबी व फेफड़ों की झिल्ली के कैंसर के एक जैसे लक्षण इलाज में बाधा केजीएमयू रेस्पीरेटरी मेडिसिन विभाग के पूर्व प्रोफेसर डॉ. अजय वर्मा व अमेरिका से पीएचडी कर र...