फूलों की घाटी : मिथक और यथार्थ पर दून पुस्तकालय में विमर्श
देहरादून, अगस्त 31 -- देहरादून, वरिष्ठ संवाददाता। दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र में सोमवार को 'फूलों की घाटी : मिथक और यथार्थ' विषय पर सचित्र व्याख्यान, स्लाइड-शो और डॉक्यूमेंट्री प्रस्तुति आयोजित की गई। चर्चित छायाकार एवं घुमक्कड़ चन्द्रशेखर चौहान ने दुर्लभ छायाचित्रों और यात्रा अनुभवों के माध्यम से फूलों की घाटी के प्राकृतिक सौंदर्य, जैव-विविधता, भौगोलिक विशेषताओं और पर्यावरणीय चुनौतियों से परिचित कराया।उन्होंने कहा कि फूलों की घाटी को केवल रंग-बिरंगे फूलों से भरी घाटी के रूप में देखना पर्याप्त नहीं है। यह अत्यंत संवेदनशील हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र है, जहां ऊंचाई, तापमान, वर्षा और जलधाराएं जैव-विविधता को प्रभावित करती हैं। कार्यक्रम में भ्यूंडार घाटी में स्थानीय समुदाय की भागीदारी से चल रहे संरक्षण प्रयासों और जिम्मेदार पर्यटन की आवश्य...
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