बिजनौर, अप्रैल 2 -- बिजनौर। वैश्विक स्तर पर एलपीजी की आपूर्ति में आ रही दिक्कतों और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव को देखते हुए सरकार ने अब वैकल्पिक ईंधन पर ध्यान केंद्रित करना शुरू कर दिया है। इसी रणनीति के तहत प्रदेश के अन्य जिलों के साथ बिजनौर जिले में पिछले 6 सालों से बंद पड़े मिट्टी के तेल के डिपो को दोबारा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। वर्ष 2019 में राशन की दुकानों पर केरोसिन का वितरण और सब्सिडी बंद होने के बाद जिले के सभी डिपो ठप हो गए थे। केरोसिन अब बाजार से गायब ही हो गया था। अब प्रशासन इन पुराने केंद्रों का विवरण जुटा रहा है ताकि इन्हें फिर से क्रियाशील बनाया जा सके।नई योजना के अनुसार बैकअप के तौर पर केरोसिन को आम आदमी के लिए सुलभ बनाने को ​पेट्रोल पंपों पर उपलब्धता भी रहेगी। इसके लिए जिले के दो पेट्रोल पंपों का चयन किया जाएगा, ज...