गाज़ियाबाद, जनवरी 23 -- गाजियाबाद, संवाददाता। डासना स्थित निजी फिटनेस सेंटर पिछले चार दिनों से बंद पड़ा है। इसकी वजह से प्राइवेट बसों और कमर्शियल वाहन मालिकों की परेशानी बढ़ गई है। हजारों वाहन बिना फिटनेस के सड़कों पर दौड़ने को मजबूर हैं। वाहन मालिकों को चालान का डर सता रहा है। गाजियाबाद जिले में नौ लाख से ज्यादा वाहन पंजीकृत हैं। इनमें से निजी वाहनों की संख्या करीब छह लाख के करीब है। व्यवसायिक वाहन तीन लाख से ज्यादा है। निजी वाहनों में पेट्रोल के वाहनों की फिटनेस 15 साल और डीजल के वाहनों की फिटनेस 10 साल के लिए होती हैं। जबकि व्यवसायिक वाहनों को प्रति तीन वर्ष और आठ साल के बाद प्रति दो वर्ष में फिटनेस कराना जरूरी है। ई-रिक्शा और ई-कार्ट के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट तीन साल की अवधि के लिए वैध होता है। जिले में करीब 23 हजार वाहन बिना फिटनेस वा...
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