आरा, फरवरी 3 -- बड़हरा, संवाद सूत्र। बड़हरा प्रखंड के करजा गांव स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय में आयुष्मान आरोग्य मंदिर के तत्वावधान में फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कुल 105 छात्र-छात्राएं और सात शिक्षक उपस्थित थे। सुनीता सैनी की ओर से बच्चों एवं शिक्षकों को फाइलेरिया बीमारी के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि फाइलेरिया रोग संक्रमित मच्छर के काटने से फैलता है और इसके लक्षण दिखने में लगभग 10 से 15 वर्ष तक का समय लग सकता है। उन्होंने कहा कि फाइलेरिया मुख्य रूप से पैर, हाथ, महिलाओं के स्तन तथा पुरुषों के अंडकोष को प्रभावित करता है। यह लाइलाज बीमारी है। यदि किसी व्यक्ति को एक बार हो जाए तो उसे जीवनभर इसका दुष्परिणाम झेलना पड़ता है। हालांकि, इसकी रोकथाम संभव है। इसके लिए एमडीए ...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.