हापुड़, अक्टूबर 7 -- फसल अवशेष किसानों के लिए समस्या नहीं, बल्कि एक महत्वपूर्ण कृषि संसाधन हैं। किसानों को कृषि वैज्ञानिकों ने टिप्स दिए कि फसल अवशेषों को जलाने के बजाय उनका वैज्ञानिक प्रबंधन कर मृदा की उर्वरता बढ़ाए, जैविक पदार्थों की उपलब्धता से आपके खेत में फसल अच्छी होगी और आय बढ़ेगी। कृषि विज्ञान केंद्र, हापुड़ में फसल अवशेष प्रबंधन कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समापन हुआ। प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य किसानों को फसल अवशेषों के वैज्ञानिक एवं पर्यावरण-अनुकूल प्रबंधन, पराली जलाने से होने वाले दुष्प्रभावों तथा फसल अवशेषों से जैविक खाद एवं अन्य उपयोगी संसाधन तैयार करने की आधुनिक तकनीकों के प्रति जागरूक करना था।

प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए डॉ. अरविंद कुमार, प्...