नई दिल्ली, फरवरी 28 -- होली के हुड़दंग और रंगों की मस्ती के बीच लोग अकसर घर की साफ-सफाई की टेंशन को भूल जाते हैं। याद रहते हैं तो बस दोस्तों और परिजनों के साथ मस्ती भरे वो खुशनुमा रंगीन पल, जिसमें भीगकर प्यार भरे रिश्तों की नींव को मजबूत बनाए रखने की कोशिश की जाती है। लेकिन जब घर आए मेहमान विदा हो जाते हैं और गुलाल की धूल फर्श पर बैठ जाती है, तब शुरू होती है घर को साफ रखने की असली मशक्कत। सफेद टाइल और मार्बल पर लगे होली के रंग के जिद्दी दाग साधारण पोंछे से आसानी से साफ नहीं होते। तो क्या घर की खूबसूरती पर दाग की तरह नजर आने वाले रंगों के इन निशानों को यूं ही छोड़ देना चाहिए या हजारों रुपए खर्च करके किसी प्रोफेशनल को मदद के लिए बुलाना चाहिए। अगर आपके मन को भी हर साल होली के बाद यही सवाल परेशान करते हैं तो इस बार इस सवाल का जवाब पहले से जान...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.