आगरा, जून 17 -- बोदला क्षेत्र निवासी ब्रजेश कुमार ने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की एडीए शाखा, जयपुर हाउस के प्रबंधक और कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि बैंक कर्मियों ने कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से उन्हें ऐसे व्यक्ति का गारंटर बना दिया जिसे वह जानते भी नहीं हैं। कोर्ट के आदेश पर लोहामंडी पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। न्यायालय में दिए गए प्रार्थना पत्र के अनुसार ब्रजेश कुमार और उनके भाई किशन ने वर्ष 2014 में यूनियन बैंक से ऋण लिया था। जिसका पूरा भुगतान कर दिया गया। एनओसी भी प्राप्त कर ली। आरोप है कि ऋण स्वीकृति के दौरान बैंक कर्मचारियों ने उनके कई दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए थे। जिस पर आपत्ति जताने के बावजूद उन्हें यह कहकर टाल दिया गया कि बैंकिंग प्रक्रिया में ऐसा होता है। मामले में नया मोड़ तब आया जब फरवरी 2024 ...