मुजफ्फरपुर, जनवरी 10 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। प्रो. मनेन्द्र के डिजाइन पेटेंट 'मोटोराइज्ड गर्डलिंग टूल फॉर लीची आचार्ड' का भारत सरकार की ओर से निबंधन किया गया है। बीआरए बिहार विवि के जन्तु विज्ञान विभाग के ये पूर्व विभागाध्यक्ष हैं। लीची उत्पादन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। प्रो. मनेन्द्र ने बताया कि यह आधुनिक उपकरण लीची के पेड़ों में गर्डलिंग प्रक्रिया को सरल, तेज और सटीक बनाता है। पारंपरिक मैनुअल गर्डलिंग जहां क्रम साध्य और समय साध्य होती है, वहीं यह मोटरचालित यंत्र समान गहराई में नियंत्रित कर लगाकर पौधे को कम नुकसान पहुंचाता है। इससे फूल आने, फल सेटिंग और उत्पादन की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होता है। गर्डलिंग एक बागवानी तकनीक है, जिसमें पेड़ की शाखा को गोल घेरा बनाकर उसके छाल की पतली पट्टी चारों ओर काटी ज...