सोनभद्र, अप्रैल 20 -- अनपरा,संवाददाता। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति,ने स्मार्ट प्रीपेड मीटरिंग से जुड़ी वर्तमान व्यवस्था की तत्काल उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग मुख्यमंत्री से की है। मीटरिंग का समस्त कार्य भी निजी कंपनियों से हटा कर विभागीय नियंत्रण में दिये जाने की मांग की है ताकि पारदर्शी एवं उपभोक्ता हितैषी व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके। संघर्ष समिति ने मांग की है कि निजी कंपनियों द्वारा स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने की प्रक्रिया रोकी जाए, पहले से लगे मीटरों की स्वतंत्र जांच कराई जाए, उपभोक्ताओं की शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए । आरोप लगाया कि वर्तमान व्यवस्था में उत्पन्न अधिकांश समस्याएं इसी निजी सर्विस प्रोवाइडर की खामियों का परिणाम हैं। यह भी पढ़ें- विभागीय कर्मचारियों से करवाया जाए स्मार्ट मीटरिंग का काम - संघर्...