पटना, जनवरी 28 -- बिहार की महत्वपूर्ण और प्राचीन पांडुलिपियों को संरक्षित किया जाएगा। साथ ही उनका डिजिटाइजेशन भी होगा। बिहार की समृद्ध ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत को अक्षुण्ण रखने के उद्देश्य से बुधवार को बिहार संग्रहालय में पांडुलिपियों के संरक्षण और डिजिटाइजेशन को लेकर उच्चस्तरीय बैठक हुई। यह पहल भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के ज्ञान भारतम अभियान के अंतर्गत की जा रही है। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने राज्यभर में बिखरी पांडुलिपियों के संरक्षण के लिए कार्ययोजना बनाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राज्य में इस अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए कला, संस्कृति एवं युवा विभाग को नोडल अथॉरिटी तथा संग्रहालय निदेशक को नोडल पदाधिकारी बनाया गया है। इस दिशा में कार्य करने के लिए बिहार सरकार ने ज्ञान भारतम (संस्कृति मंत्रालय) के साथ समझौता ज्ञाप...
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