बांदा, अप्रैल 14 -- बांदा। प्रसव पीड़ा के दौरान महिला को जिला अस्पताल की बजाय सेंटिग बिठाकर निजी अस्पताल ले जाने के मामलें दोषी पाए जाने पर आउटसोर्सिंग के दो एंबुलेंस कर्मियों की सीएमओ ने सेवा समाप्त कर दी है। निजी अस्पताल में डाक्टर की लापरवाही से नवजात की मौत हो गई थी । जिसके बाद बिना पंजीकरण के चल रहे अस्पताल को सील कर दिया था। रविवार की सुबह बिसंडा के ग्राम कैरी निवासी शैलेंद्र की 27 वर्षीय पत्नी प्रसव पीड़ा से परेशान थी। जिसके बाद स्वजन प्रसूता को लेकर 102 एंबुलेंस द्वारा बिसंडा सीएचसी आए। जहां मौजूद डाक्टर ने प्रसूता की जांच पड़ताल करने के बाद रेफर कर दिया। यह भी पढ़ें- बिना पंजीकरण का हॉस्पीटल व क्लीनिक सील जिसके बाद सीएचसी नाजुक हालत देख जिला अस्पताल लाए 102 एंबुलेंस चालक श्रीनारायण तिवारी व सहयोगी राकेश प्रसूता कस्बे की निजी अस्प...
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