हाजीपुर, अप्रैल 11 -- हाजीपुर । संवाद सूत्र प्रशिक्षण व्यक्ति को दक्ष बनाने की अहम् प्रक्रिया है। इसे हर प्रशिक्षुओं को पूरे मनोयोग से प्राप्त करना चाहिए। प्राथमिक शिक्षक शिक्षा महाविद्यालय सोरहत्था में शनिवार को आयोजित पांच दिवसीय आवासीय सेवाकालीन शिक्षक प्रशिक्षण के समापन सत्र को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. सुरेश कुमार ने ये बातें कहीं। उन्होंने कहा की सेवाकालीन प्रशिक्षण बच्चों के अधिगम का आकलन और उसके मूल्यांकन का मार्ग प्रशस्त करता है। यह एक सतत व्यावसायिक विकास प्रक्रिया है, जो कार्यरत शिक्षकों को नई शिक्षण पद्धतियों, तकनीकों, समावेशी शिक्षा और पाठ्यक्रम में बदलावों से अपडेट रखने के लिए प्रदान की जाती है। इसका उद्देश्य शिक्षण गुणवत्ता, छात्रों के सीखने के परिणाम और शिक्षकों के कौशल में सुधार करना है। मौके पर प्रशिक्षु शिक्षकों के...