प्रशस्त 2.0 एप से होगी दिव्यांग बच्चों की पहचान
गौरीगंज, जुलाई 16 -- अमेठी। परिषदीय एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों में अध्ययनरत दिव्यांग बच्चों की शुरुआती पहचान के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने प्रशस्त 2.0 एप के माध्यम से स्क्रीनिंग अभियान शुरू किया है। अभियान का उद्देश्य दिव्यांगता के शुरुआती लक्षणों की समय रहते पहचान कर बच्चों को आवश्यक शैक्षिक सहायता और सुविधाएं उपलब्ध कराना है। विद्यालयों में स्क्रीनिंग का कार्य अध्यापकों और स्पेशल एजुकेटर्स द्वारा किया जाएगा। इससे पहले सभी प्रधानाध्यापकों और सहायक अध्यापकों को प्रशस्त 2.0 एप पर उपलब्ध 10 प्रशिक्षण वीडियो देखकर अनिवार्य संवेदीकरण प्रशिक्षण पूरा करना होगा। वीडियो में समावेशी शिक्षा के साथ दृष्टिबाधिता, श्रवणबाधिता, चलने-फिरने संबंधी दिव्यांगता, बौद्धिक दिव्यांगता, विशेष अधिगम अक्षमता, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम विकार, मानसिक दिव्यांगता सहित अन्य ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.