पीलीभीत, अप्रैल 12 -- नगर के प्राचीन देवीस्थान मंदिर पर चल रही संगीतमय श्रीरामकथा के अंतिम दिन राम रावण युद्ध,लंका दहन एवं भगवान राम के राज्याभिषेक का प्रसंग सुनकर श्रोता भावविभोर हो गए। फर्रुखाबाद से पहुंचे देवर्षि पंकज मिश्रा ने सुनाया कि प्रभु राम तो हरि हैं,अनुरागी हैं,वह भक्तों पर ऐसी कृपा करते हैं,जो बड़े-बड़े ऋषि मुनियों के लिए भी दुर्लभ होती है।कथा में सीता हरण,लंका दहन,राम रावण युद्ध और रावण संहार के बाद प्रभु राम के राज्याभिषेक का प्रसंग सुनाते हुए अयोध्या के राजा बने रघुरया, घर-घर बंटे बधाइयां भजन गाया गया तो माहौल भक्तिमय बन गया। राज्याभिषेक के पश्चात पंडाल में भक्तों को मेवा मिश्री,मिठाई,फल एवं नारियल का प्रसाद बांटा गया।व्यवस्था में आयोजक पूर्व चेयरमैन अटल सिंह एवं मंजू जायसवाल,रामदास पाठक,पं.विमल कृष्ण शास्त्री,हर्ष,अनिल मिश्...